
(गुरमीत दुग्गल) कुरुक्षेत्र। नवयुग सीनियर सैकेंडरी स्कूल में ब‘चों के द्वारा रेनी-डे का उत्साहपूर्वक आनंद लिया गया । ब‘चे अपने साथ रंग-बिरंगे छाते भी लेकर आए। हल्की हल्की बारिश में नन्हे मुन्ने जूबी डूबी, बम बम भोले, घोड़े जैसी चाल, सावन राजा इत्यादि गीतों पर थिरके। इसके अतिरिक्त ब‘चों ने रेनी-डे को अपने-अपने अंदाज में मनाया। कक्षा अध्यापिकाओं द्वारा ब‘चों को जीवन में वर्षा ऋतु व जल का महत्व समझाया तथा यह भी बताया कि वर्षा ऋतु धान की फसल के लिए भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने ब‘चों को बारिश में छाते का इस्तेमाल तथा रेन कोट पहनना और इस मौसम में होने वाली आम बीमारियों की जानकारी दी। ब‘चों को सावन मास की विशेषता बताते हुए इस मास में आने वाले घेवर, फिरनी की जानकारी दी गयी और ब‘चों ने बारिश के मौसम में अपना मनपसन्द खाना खाकर इस विशेष दिन को मनाया। प्रधानाचार्य बीडी गाबा ने भी विद्यार्थियों को कहा कि उन्हें इस प्रकार के सभी कार्यक्रमों में बढ़-चढ़ कर भाग लेना चाहिए। उन्होंने ब‘चों को सावन मास की विशेषता बताई और बताया कि जिस तरह अलग अलग ऋतुएं हमारे जीवन में आकर परिवर्तन लाती हैं और वर्षा ऋतु के आने पर सभी के मन उत्साह और उमंग से भर जाता है, उसी तरह हमें भी अपने जीवन मे आने वाले परिवर्तनों का स्वागत करना चाहिए और आने वाली हर चुनौती का सामना डट कर करना चाहिए। इस अवसर पर अध्यापिका रणबीर, सीमा,परम् ’योति, नीतू , सोनिया , हरिन्दर, पायल, अंजू, रिहाना, पूनम, नेहा व आशा उपस्थित रहे।